आज, देश के किसान जहाँ खेती में ऊर्जा और लागत की चुनौतियों से जूझ रहे हैं, वहीं सोलर ड्रायर (Solar Dryer) जैसी तकनीकें उनके लिए एक नया बाज़ार खोल रही हैं। इसी विषय पर ‘ख़बर किसान की’ ने रुद्रा सोलर (Rudra Solar) के डायरेक्टर देवांग जोशी के साथ एक विस्तृत पॉडकास्ट किया।
जोशी जी ने बताया कि कैसे उनकी कंपनी किसानों को न केवल उपकरण, बल्कि सशक्तिकरण प्रदान कर रही है, ताकि किसान केवल उत्पादक नहीं, बल्कि प्रोसेसर और उद्यमी भी बन सकें।
1. सोलर ड्रायर: कृषि तकनीक का भविष्य
देवांग जोशी ने बताया कि रुद्रा सोलर की शुरुआत एक साधारण सोच से हुई थी—कृषि उत्पादों को सुरक्षित और उच्च गुणवत्ता के साथ सुखाकर उसकी बाज़ार में कीमत बढ़ाना।
- Solar Dryer का कार्य: “हमारा सोलर ड्रायर (Sun Dryer) एक सरल सिद्धांत पर काम करता है। यह सूर्य की मुफ्त ऊष्मा (Free Heat) का उपयोग करके उत्पादों से नमी हटाता है, जिससे वे लंबे समय तक खराब नहीं होते और उनकी गुणवत्ता बनी रहती है,” जोशी जी ने बताया।
- बाज़ार में पहचान: रुद्रा सोलर के प्रोजेक्ट्स में विशेष रूप से डिज़ाइन, उच्च गुणवत्ता और विश्वसनीयता पर ज़ोर दिया गया है, जो आज के बाज़ार में उन्हें अलग पहचान दिलाता है।
2. किसानों के लिए सबसे बड़ा सवाल: आय कैसे बढ़ेगी?
जोशी जी ने स्पष्ट किया कि सोलर ड्रायर किसानों की आय बढ़ाने का सीधा ज़रिया है:
- मुनाफ़ा बढ़ाना: कई किसान अब केवल टमाटर, मिर्च या हल्दी बेचने के बजाय, उसे सुखाकर पाउडर के रूप में बेच रहे हैं। इससे उन्हें साल भर बेहतर कीमत मिलती है। उन्होंने कुछ ऐसे किसानों के उदाहरण दिए जिन्होंने प्रोसेसिंग यूनिट लगाकर अपना मुनाफ़ा 30% से 50% तक बढ़ाया है।
- क्या सुखा सकते हैं: ड्रायर में हल्दी, नीम, मोरिंगा, तुलसी, फल, और सब्ज़ियाँ जैसी लगभग सभी प्रकार की फसलें सुखाई जा सकती हैं।
- ROI और निवेश: एक सोलर ड्रायर मशीन की लागत और उससे मिलने वाला रिटर्न ऑन इन्वेस्टमेंट (ROI) काफी तेज़ है। यह मशीन छोटे से छोटे और बड़े कमर्शियल/किसान स्तर दोनों के लिए उपलब्ध है।
3. ‘प्रोसेसिंग यूनिट’ का नया लक्ष्य
रुद्रा सोलर का विज़न केवल मशीन बेचने तक सीमित नहीं है, बल्कि किसानों को प्रोसेसिंग यूनिट की दिशा में आगे बढ़ाना है।
- FPO और कॉपरेटिव्स: “किसान FPO (किसान उत्पादक संगठन) और कॉपरेटिव के साथ मिलकर इस ड्रायर को लगा सकते हैं। इससे उन्हें उत्पादन की गुणवत्ता (Quality), रंग (Colour), और स्वाद (Taste) बनाए रखने में मदद मिलेगी,” जोशी जी ने कहा।
- कचरे से कंचन: यह तकनीक किसानों को केवल उत्पादक नहीं, बल्कि प्रोसेसर और मूल्य-वर्धक (Value-Adder) बनने का अवसर देती है।
4. भविष्य की ऊर्जा और कंपनी का विज़न
रुद्रा सोलर ट्रेनिंग और आफ्टर-सेल्स सपोर्ट पर विशेष ध्यान देती है ताकि किसान इस तकनीक का पूरा लाभ उठा सकें।
- भविष्य की योजनाएँ: कंपनी नए मॉडल, बेहतर तकनीक और अंतर्राष्ट्रीय बाज़ार में विस्तार की योजनाओं पर काम कर रही है।
- ट्रेनिंग और सपोर्ट: रुद्रा सोलर न केवल मशीन बेचती है, बल्कि किसानों के लिए नियमित वर्कशॉप और अवेयरनेस प्रोग्राम भी आयोजित करती है।
किसानों के लिए संदेश
इंटरव्यू के अंत में, देवांग जोशी ने कहा, “देश के किसानों को मेरा यही संदेश है कि अब केवल पारंपरिक खेती पर निर्भर न रहें। प्रौद्योगिकी को अपनाएँ, अपने उत्पाद में मूल्य जोड़ें, और बाज़ार में अपनी जगह बनाएँ। सोलर ड्रायर एक छोटा निवेश है, लेकिन यह आपके भविष्य को ऊर्जा और स्थिरता देगा।”
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