केंद्रीय कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्री शिवराज सिंह चौहान ने आज (25 नवंबर 2025) वर्ष 2024-25 के लिए बागवानी फसलों के क्षेत्रफल और उत्पादन के तृतीय अग्रिम अनुमान जारी किए हैं। ये आंकड़े बताते हैं कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में, भारत का कृषि एवं बागवानी क्षेत्र अभूतपूर्व प्रगति कर रहा है।
केंद्रीय मंत्री ने इन रिकॉर्ड वृद्धि का श्रेय किसानों की कड़ी मेहनत और केंद्र सरकार की किसान हितैषी नीतियों को दिया।
उत्पादन और क्षेत्रफल में भारी उछाल
जारी किए गए आँकड़ों के अनुसार, बागवानी क्षेत्र ने लगभग सभी श्रेणियों में बड़ी वृद्धि दर्ज की है:
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विवरण |
पिछला अनुमान (लाख टन/हेक्टेयर) |
नया अनुमान (लाख टन/हेक्टेयर) |
वृद्धि (%) |
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कुल उत्पादन |
3547.44 लाख टन |
3690.55 लाख टन |
4.03% |
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कुल क्षेत्रफल |
290.86 लाख हेक्टेयर |
294.88 लाख हेक्टेयर |
1.38% |
फल, सब्ज़ी और मसालों में रिकॉर्ड वृद्धि
बागवानी फसलों में सबसे ज़्यादा प्रगति फल और सब्ज़ियों के उत्पादन में देखी गई है:
- सब्जियाँ: उत्पादन 4.09% बढ़कर 2156.84 लाख टन होने का अनुमान है।
- प्याज उत्पादन: इसमें 26.88% की बड़ी उछाल आई है, जो 242.67 लाख टन से बढ़कर 307.89 लाख टन पहुँचने का अनुमान है।
- आलू उत्पादन: यह 1.85% बढ़कर 581.08 लाख टन होने की उम्मीद है।
- फल: उत्पादन में 5.12% की वृद्धि हुई है, जिसके 1187.60 लाख टन तक पहुँचने की उम्मीद है। इसमें केला, आम, पपीता और अमरूद का विशेष योगदान है।
- मसाले: लहसुन, अदरक और हल्दी के उत्पादन में वृद्धि के साथ मसाला उत्पादन लगभग 125.03 लाख टन अनुमानित है।
किसानों की आय बढ़ाने पर फोकस
केंद्रीय मंत्री शिवराज सिंह चौहान ने कहा कि यह वृद्धि किसानों की कड़ी मेहनत, बेहतर बीज, और आधुनिक तकनीकों के उपयोग का परिणाम है।
उन्होंने जोर दिया कि सरकार किसानों के लिए नई तकनीकें लेकर आ रही है, जिससे उनकी कृषि उत्पादकता और आय दोनों बढ़ेगी। उन्होंने कहा कि बागवानी में नवीनतम तकनीकों के प्रसार और बाजार प्रबंधन में सुधार के साथ, भारत कृषि में एक वैश्विक लीडर बनने की दिशा में तेज़ी से आगे बढ़ रहा है।





